एल.ए.एक्सक.पी.सी.

परिवर्ती ताराभौतिकी स्रोतों के लिए 3.80 के.वो. एक्‍स-रे के ऊर्जा बैण्‍ड 3-80 के.वो. एक्‍स-रे के ऊर्जा बैण्‍ड पर कालन तथा ब्रोड बैण्‍ड स्‍पेक्‍ट्रमिकी को ले जाने हेतु एल.ए.एक्‍स.पी.सी. में तीन बृहत क्षेत्र अनुपातिक काउंटर शामिल हैं। अनुपातिक काउंटरों का निर्माण संभावित भिन्‍नता पर गैस तथा दो इलक्‍ट्रोड से भरे बृहत संलग्‍नकों से किया जाता है। एक्‍स-रे फोटोन की प्रविष्टि, फोटो इलक्‍ट्रान के सृजन सहित गैस में इसके समाहित होने द्वारा चिह्नित होता है। गैस अणु के आयनन द्वारा संभावित भिन्‍नता के कारण इसमें और अधिक वृद्धि होती है, जिससे वोल्‍टेज में परिवर्तित कर, उसके आयाम उत्‍पन्‍न इलक्‍ट्रान तथा आयन की संख्‍या का अनुपातिक होता है तथा इसका प्रयोग खगोलीय स्रोत द्वारा मौलिक एक्‍स-रे फोटोन की ऊर्जा उत्‍पन्‍न करने के लिए किया जा सकता है। ऐसी घटनाओं की संख्‍या संसूचित काउंट दर प्रदान करता है तथा अत: इससे खगोलीय स्रोत की शक्ति अथवा चमक का पता चलता है। इन दोनों के साथ, स्रोत के अभिवाह तथा सातत्‍य स्‍पैक्‍ट्रम को मापा जा सकता है।

एल.ए.एक्‍स.पी.सी. में 5-30 के.वो. पर करीबन 8000से.मी.2  के कुल प्रभावशाली क्षेत्र सहित तीन सह-समान रूप से रखे अनुपातिक काउंटर हैं। 1520 टॉर (~2 वायुमंडल) के दाब पर अक्रिय गैस के मुख्‍य रूप से जैनोन तथा कम प्रतिशत में मीथैन शामिल है। अधिकांश गैस अक्रिय है ताकि संसूचक घटकों के साथ इलक्‍ट्रान तथा रासायनिक प्रतिक्रिया से बचा जा सके। एक्‍स-रे द्वारा जैनोन के आयनन के दौरान उत्‍पन्‍न किए गए फोटोन को समाहित करने के लिए कम मात्रा में मीथेन मिलाया जाता है। प्रत्‍येक अनुपातिक काउंटर का दृश्‍य क्षेत्र 1 डिग्री है, तथा इसका निर्धारण संसूचक पर रखे समांतरित्र द्वारा किया जाता है। 

 

अंतर्राष्‍ट्रीय एक्‍स-रे मिशनों सहित एल.ए.एक्‍स.पी.सी. के प्रभावी क्षेत्र की तुलना 

एल.ए.एक्‍स.पी.सी. यंत्र की मुख्‍य विशेषता है बहुत कम समय स्‍केल पर एक्‍स-रे स्‍पैक्‍ट्रा के मापन करने की इसकी क्षमता। यदि स्रोत बहुत चमकीला है तो कुल मिलिसेकेंड के कुल सौ सेकेंड तक पर न केवल इन स्‍पैक्‍ट्रमी मापनों को किया जा सकता है, बल्कि इन स्‍पैक्‍ट्रमों को 3-80 के.वो. ऊर्जा रेंजों तक विस्‍तारित किया जा सकता है। किस प्रकार माईक्रोसेकेंड के दसवें भाग में किसी खगोलीय स्रोत की चमक में परिवर्तन हो सकता है, एल.ए.एक्‍स.पी.सी. यह भी देख सकता है। अत: यह एक उत्‍तम यंत्र है जोकि विभिन्‍न प्रकार की खगोलीय वस्‍तुओं, जिनका की अचानक विस्‍फोट हो सकता है, जिनके बारे में हम बाद में विस्‍तार से चर्चा करेंगे, का अध्‍ययन कर सकता है।

रोसी एक्‍स-रे टाईमिंग एक्‍सप्‍लोरर (आर´टी.ई.)  एक एक्‍स-रे दूरबीन है, जिसका प्रमोचन नासा द्वारा किया गया था। एस्‍ट्रोसैट का एल.ए.´पी.सी उच्‍च ऊर्जा (>25 के.वो.) पर आर.एक्‍स.टी.ई.के अनुपातिक काउंटर व्‍यूह से भी अधिक संवेदनशील है। इसके बृहत संग्रहण क्षेत्र के कारण, एल.ए.´पी.सी परिशुद्ध कालन मापन के लिए एक उत्‍कृष्‍ट यंत्र भी माना गया है।

एल.ए.एक्‍स.पी.सी का ज्‍यामि‍तीय क्षेत्र तथा द्रव्‍यमान 10,800 सेमी2 तथा 415.5 कि.ग्रा. है।

इस नीतभार का विकास टाटा आधारभूत अनुसंधान संस्‍थान (टी.आई.एफ.आर), मुंबई द्वारा किया गया है।